बलरामपुर। नए शैक्षणिक सत्र 2026-27 की शुरुआत के साथ ही बलरामपुर जिले में शाला प्रवेश उत्सव उत्साहपूर्वक मनाया गया। इसी बीच कलेक्टर चन्दन संजय त्रिपाठी ने पहले ही दिन बलरामपुर विकासखंड के कई सरकारी स्कूलों का निरीक्षण कर शिक्षा व्यवस्था का जायजा लिया। उन्होंने स्कूलों में उपलब्ध सुविधाओं, शिक्षकों की स्थिति और विद्यार्थियों की उपस्थिति की जानकारी लेते हुए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
प्राथमिक और मिडिल स्कूलों का किया निरीक्षण
कलेक्टर ने प्राथमिक शाला जतरो, प्राथमिक शाला पिंडरा तथा मिडिल स्कूल बरदर का दौरा किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने कक्षाओं में जाकर बच्चों से बातचीत की और उनकी पढ़ाई-लिखाई से जुड़ी जानकारी ली। साथ ही शिक्षकों से स्कूल संचालन, पठन-पाठन और विभिन्न शैक्षणिक गतिविधियों के बारे में चर्चा की।
स्मार्ट क्लास और संसाधनों की ली जानकारी
निरीक्षण के दौरान कलेक्टर ने स्कूलों में संचालित स्मार्ट क्लास की व्यवस्था का भी अवलोकन किया। उन्होंने शिक्षकों से डिजिटल शिक्षा के उपयोग और विद्यार्थियों को इससे मिलने वाले लाभों की जानकारी ली। साथ ही उपलब्ध संसाधनों का बेहतर उपयोग करने के निर्देश दिए।
शिक्षकों की कमी और नवप्रवेशी विद्यार्थियों पर रहा फोकस
कलेक्टर ने स्कूलों में शिक्षकों की उपलब्धता, विद्यार्थियों की उपस्थिति और नए प्रवेश लेने वाले छात्र-छात्राओं की संख्या की भी समीक्षा की। उन्होंने कहा कि गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराना प्रशासन की प्राथमिकता है और इसके लिए लगातार निगरानी की जाएगी।
शिक्षा की गुणवत्ता सुधारने के लिए लगातार हो रहे प्रयास
जिले के सरकारी स्कूलों की शिक्षा गुणवत्ता को बेहतर बनाने के लिए समय-समय पर विभिन्न अभियान चलाए जाते हैं। इसी कड़ी में अलग-अलग विभागों के अधिकारी भी स्कूलों का दौरा कर बुनियादी सुविधाओं और शैक्षणिक गतिविधियों की समीक्षा करते है। शाला प्रवेश उत्सव के पहले दिन कलेक्टर का यह निरीक्षण भी इसी प्रयास का हिस्सा माना जा रहा है।















































