रायगढ़। बरमकेला थाना क्षेत्र में ओडिशा से गांजा तस्करी के मामले में अदालत ने आरोपी को दोषी करार देते हुए 5 वर्ष के सश्रम कारावास और 50 हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई है।
10 किलो गांजा के साथ पकड़ा गया था आरोपी
मामला 22 जनवरी 2024 का है, जब बरमकेला पुलिस ग्राम पेकिन स्थित वन उपज बैरियर के पास वाहनों की चेकिंग कर रही थी। इसी दौरान ओडिशा की ओर से आ रही बजाज डिस्कवर बाइक (क्रमांक OD 03 L 6744) को रोका गया।
तलाशी लेने पर बाइक सवार युवक के बैग से अलग-अलग पैकेटों में लगभग 10 किलोग्राम गांजा बरामद हुआ।
आरोपी ने अपनी पहचान सुशांत प्रधानी, निवासी ग्राम अंतरला, जिला बलांगीर (ओडिशा) के रूप में बताई थी। उसने पूछताछ में यह भी स्वीकार किया कि वह गांजा बिलासपुर के किसी व्यक्ति तक पहुंचाने जा रहा था।
NDPS एक्ट के तहत हुई कार्रवाई
पुलिस ने मौके पर ही गांजा जब्त कर आरोपी के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज किया था और उसे न्यायालय में पेश किया गया।
न्यायालय ने सुनाई सजा
सुनवाई के दौरान प्रस्तुत साक्ष्य और गवाहों के आधार पर रायगढ़ स्थित विशेष एनडीपीएस न्यायालय की न्यायाधीश श्रीमती प्रियंका अग्रवाल ने आरोपी सुशांत प्रधानी को दोषी पाया।
अदालत ने उसे 5 वर्ष के सश्रम कारावास के साथ 50 हजार रुपये के अर्थदंड से दंडित किया।
अभियोजन पक्ष की भूमिका
इस मामले में शासन की ओर से अपर लोक अभियोजक सिद्धेश पटनायक एवं तन्मय बनर्जी ने पैरवी की।















































