राजस्व कार्यों के लिए अब नहीं लगाना पड़ेगा लंबा सफर, प्रशासनिक तैयारी शुरू
रायपुर। नवा रायपुर अटल नगर में लंबे समय से प्रतीक्षित तहसील कार्यालय को लेकर बड़ी अपडेट सामने आई है। सूत्रों के अनुसार, तहसील दफ्तर के लिए सेक्टर-19 स्थित पर्यावास भवन को चिन्हित कर लिया गया है और यहां कार्यालय शुरू करने की तैयारियां तेज कर दी गई हैं।
39 गांवों के लोगों को मिलेगी बड़ी राहत
नया तहसील कार्यालय शुरू होने के बाद नवा रायपुर और आसपास के करीब 39 गांवों के ग्रामीणों को सीधा लाभ मिलेगा। अब तक इन गांवों के लोगों को जमीन, नामांतरण, प्रमाण पत्र और अन्य राजस्व कार्यों के लिए रायपुर और अन्य तहसीलों तक लंबा सफर तय करना पड़ता था।
नई तहसील शुरू होने से ग्रामीणों का समय और यात्रा खर्च दोनों में बचत होगी।
पहले ही मिल चुका है तहसील का दर्जा
नवा रायपुर (अटल नगर) को पहले ही एक स्वतंत्र तहसील का दर्जा दिया जा चुका है। राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग ने इसकी अधिसूचना दिसंबर 2025 में जारी की थी। यह राज्य में प्रशासनिक ढांचे के विस्तार की दिशा में एक अहम कदम माना जा रहा है।
20 पटवारी हल्के होंगे शामिल
नई तहसील में कुल 6 राजस्व निरीक्षक मंडल और 20 पटवारी हल्कों को शामिल किया गया है, जिनमें पलौद, मंदिर हसौद, केंद्री, तोरला, सेरीखेरी, रायपुर-18 और कांदुल क्षेत्र शामिल हैं।
इन गांवों को मिलेगा सीधा लाभ
इस तहसील में पलौद, परसदा, पसौद, चरौदा, नवागांव, केंद्री, मंदिर हसौद, निमोरा, उपरवारा, तुता, तोरला, सेरीखेरी, कांदुल, माना सहित कुल 39 गांव शामिल किए गए हैं। इससे इन क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को राजस्व सेवाएं अब स्थानीय स्तर पर ही मिल सकेंगी।
दावा-आपत्ति के बाद अंतिम रूप
तहसील गठन को लेकर जारी अधिसूचना के बाद ग्रामीणों से सुझाव और आपत्तियां भी मंगाई गई थीं। 60 दिनों की प्रक्रिया में प्राप्त आपत्तियों का निराकरण कर दिया गया है और अब योजना को अंतिम रूप दिया जा चुका है।
प्रशासनिक तैयारी जारी
अपर कलेक्टर कीर्तिमान सिंह राठौर ने बताया कि तहसील कार्यालय के लिए स्थान चिन्हित कर लिया गया है और एनआरडीए द्वारा आवश्यक तैयारी की जा रही है। हालांकि, इसके शुरू होने की तिथि अभी तय नहीं की गई है।
नवा रायपुर में तहसील कार्यालय शुरू होने से क्षेत्र में प्रशासनिक व्यवस्था और अधिक सुलभ और तेज होने की उम्मीद जताई जा रही है।















































