नोएडा, 13 अप्रैल नोएडा में वेतन बढ़ोतरी की मांग को लेकर चल रहा श्रमिकों का प्रदर्शन सोमवार को अचानक उग्र हो गया। कई कंपनियों के कर्मचारी पिछले तीन दिनों से हड़ताल पर थे, लेकिन आज सुबह हालात बिगड़ गए और नोएडा फेज-2 व सेक्टर-62 समेत कई इलाकों में पथराव, तोड़फोड़ और आगजनी की घटनाएं सामने आईं। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए पुलिस ने आंसू गैस के गोले छोड़े और भारी फोर्स तैनात की गई।
तीन दिन से जारी था विरोध, आज भड़का गुस्सा
हजारों श्रमिक पिछले तीन दिनों से सड़क पर उतरकर प्रदर्शन कर रहे थे। प्रदर्शनकारी अधिकतर 10 से 13 हजार रुपये मासिक वेतन पर काम करने वाले मजदूर हैं।
उनका आरोप है कि इतनी कम सैलरी में जीवनयापन मुश्किल हो रहा है और कई बार मांग उठाने के बावजूद कोई सुनवाई नहीं हुई।
पथराव और आगजनी से बिगड़े हालात
आज सुबह अचानक प्रदर्शन उग्र हो गया। नोएडा फेज-2 में प्रदर्शनकारियों ने कई वाहनों में तोड़फोड़ की और कुछ जगहों पर आगजनी भी की।
स्थिति बिगड़ते ही कई थानों की पुलिस मौके पर पहुंची और इलाके को घेर लिया।
मजदूरों की प्रमुख मांगें
प्रदर्शनकारी श्रमिकों की प्रमुख मांगों में शामिल हैं—
- न्यूनतम वेतन में वृद्धि
- हरियाणा की तर्ज पर 35% वेतन बढ़ोतरी
- ओवरटाइम का दोगुना भुगतान
- बोनस की गारंटी
- 8 घंटे कार्य के साथ बेहतर कार्य परिस्थितियां
- महिलाओं के साथ सम्मानजनक व्यवहार
- छंटनी पर मुआवजा और साप्ताहिक अवकाश
प्रशासन का दावा: कई मांगों पर सहमति
प्रशासन की ओर से कहा गया है कि कई मांगों पर सहमति बनी है, जिनमें—
- ओवरटाइम भुगतान
- समय पर वेतन
- सुरक्षा व्यवस्था
- शिकायत निवारण के लिए कंट्रोल रूम
- छंटनी पर मुआवजा
- साप्ताहिक अवकाश
शामिल हैं।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने लिया संज्ञान
इस मामले पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भी संज्ञान लिया है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि 24 घंटे के भीतर समस्या का समाधान सुनिश्चित किया जाए और कर्मचारियों को सम्मानजनक मानदेय दिया जाए। साथ ही भड़काऊ गतिविधियों पर सख्त नजर रखने के आदेश भी दिए गए हैं।
हालात नियंत्रण में, सुरक्षा बढ़ाई गई
फिलहाल पुलिस ने स्थिति पर नियंत्रण पाने का दावा किया है और संवेदनशील इलाकों में अतिरिक्त बल तैनात कर दिया गया है। प्रशासन हालात पर लगातार नजर बनाए हुए है।















































