शिक्षा विभाग खरीद अनियमितता: 3.80 करोड़ रुपये के मामले में सीनियर ऑडिटर निलंबि
सक्ती में सामग्री खरीदी में कथित गड़बड़ी पर कार्रवाई, निविदा प्रक्रिया और ई-मानक पोर्टल के उपयोग को लेकर जांच जारी
सक्ती जिले के शिक्षा विभाग में वर्ष 2020 से 2022 के बीच 3 करोड़ 80 लाख 59 हजार 439 रुपये की सामग्री खरीदी में कथित अनियमितताओं के मामले में जिला प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई की है। जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय में पदस्थ सीनियर ऑडिटर रोशन कुमार पटेल को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। कलेक्टर अमृत विकास तोपनो ने प्रारंभिक जांच में शिकायतों को प्रथम दृष्टया सही पाए जाने पर छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (वर्गीकरण, नियंत्रण एवं अपील) नियम, 1966 के नियम-9 के तहत यह कार्रवाई की।
निविदा प्रक्रिया और ई-मानक पोर्टल के उपयोग पर उठे सवाल
प्रारंभिक जांच के अनुसार वर्ष 2020 से 2022 के दौरान जिम उपकरण, रासायनिक सामग्री, मध्यान्ह भोजन के बर्तन तथा अन्य शैक्षणिक सामग्री की खरीदी में निर्धारित निविदा प्रक्रिया का पालन नहीं किए जाने के आरोप हैं।
शिकायत में यह भी उल्लेख है कि जिला शिक्षा अधिकारी की अधिकृत आईडी के बजाय सीनियर ऑडिटर रोशन कुमार पटेल द्वारा अपनी आईडी से ई-मानक पोर्टल पर क्रय आदेश जारी किए गए। आरोप है कि इससे कुछ फर्मों को अनुचित लाभ पहुंचाने का प्रयास किया गया।
विद्यालयों पर दबाव बनाकर भुगतान कराने का आरोप
जांच में यह भी सामने आया कि जिले के सेजेस विद्यालयों में सामग्री खरीदी के लिए प्राचार्यों और विद्यालय स्तरीय क्रय समिति की बैठक नहीं कराई गई। आरोप है कि नोटशीट पर दबाव बनाकर हस्ताक्षर कराए गए और जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय से सामग्री खरीदी कर संबंधित विद्यालयों से उसका भुगतान कराया गया।
मरम्मत राशि से पुस्तकें खरीदे जाने की भी जांच
प्रारंभिक जांच में यह भी पाया गया कि विद्यालयों के मरम्मत कार्य के लिए जारी राशि में से लगभग 1.49 लाख रुपये की पुस्तकों की खरीदी कराई गई। आरोप है कि राशि का उपयोग निर्धारित उद्देश्य के विपरीत किया गया, जिसे भी विभागीय जांच में शामिल किया गया है।
भाजपा पदाधिकारियों की शिकायत के बाद कार्रवाई
बताया गया है कि इस मामले की शिकायत भाजपा के विभिन्न मंडल अध्यक्षों द्वारा जिला प्रशासन से की गई थी। शिकायतों की प्रारंभिक जांच में आरोप प्रथम दृष्टया सही पाए जाने के बाद सीनियर ऑडिटर को निलंबित किया गया। फिलहाल मामले की विस्तृत विभागीय जांच जारी है और जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी















































