रायगढ़। भारत विभाजन विभीषिका स्मरण दिवस के अवसर पर रायगढ़ के सिंदूर पार्क में विभाजन की त्रासदी को स्मरण करते हुए कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस दौरान विभाजन से जुड़ी मानवीय पीड़ा, विस्थापन और संघर्ष को दर्शाती छायाचित्र प्रदर्शनी लगाई गई। कार्यक्रम में वित्त मंत्री ओ.पी. चौधरी सहित जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों और नागरिकों ने विभाजन के दौरान जान गंवाने वाले लोगों को श्रद्धांजलि अर्पित की।
काली पट्टी बांधकर जताया विरोध
कार्यक्रम में उपस्थित लोगों ने काली पट्टी बांधकर भारत विभाजन की विभीषिका के प्रति अपना विरोध जताया। इसके बाद वित्त मंत्री ओ.पी. चौधरी की अगुवाई में कैंडल मार्च निकाला गया। मार्च में बड़ी संख्या में नागरिक शामिल हुए और विभाजन की त्रासदी में जान गंवाने वाले लोगों की स्मृति में दीप प्रज्ज्वलित कर श्रद्धांजलि अर्पित की।
वित्त मंत्री ने कहा- विभाजन ने समाज और संस्कृति को भी दी गहरी पीड़ा
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए वित्त मंत्री ओ.पी. चौधरी ने कहा कि भारत के विभाजन की पीड़ा को समझने के लिए इतिहास के उस दौर को याद करना जरूरी है, जब भारत की सांस्कृतिक और ऐतिहासिक विरासत का विस्तार आज के पाकिस्तान, बांग्लादेश और अफगानिस्तान तक था। उन्होंने हड़प्पा, मोहनजोदड़ो और तक्षशिला जैसे ऐतिहासिक स्थलों का उल्लेख करते हुए कहा कि विभाजन ने केवल भू-भाग का ही नहीं, बल्कि समाज और संस्कृति का भी विभाजन किया और लोगों को गहरी पीड़ा दी।
राष्ट्रीय एकता और मजबूती को बताया सबसे बड़ी आवश्यकता
ओ.पी. चौधरी ने कहा कि जब कोई देश कमजोर होता है तो उसका दुष्परिणाम पूरे समाज को भुगतना पड़ता है। इसलिए देश की मजबूती और एकता सबसे बड़ी आवश्यकता है। प्रत्येक नागरिक में राष्ट्र के प्रति समर्पण और जिम्मेदारी की भावना होना जरूरी है। उन्होंने कहा कि इतिहास से सीख लेकर ऐसी परिस्थितियों से बचने और राष्ट्र की एकता एवं अखंडता को मजबूत करने के लिए सभी को संकल्पित होना चाहिए।
विभाजन की स्मृति का उद्देश्य वैमनस्य नहीं, सद्भाव मजबूत करना
वित्त मंत्री ने कहा कि विभाजन की विभीषिका को याद करने का उद्देश्य किसी के प्रति वैमनस्य पैदा करना नहीं, बल्कि आने वाली पीढ़ियों को इतिहास की पीड़ा से परिचित कराना है। उन्होंने राष्ट्रीय एकता, अखंडता और सामाजिक सौहार्द को मजबूत करने की आवश्यकता पर जोर दिया।
छायाचित्र प्रदर्शनी में दिखी विस्थापन और संघर्ष की तस्वीरें
सिंदूर पार्क में लगी प्रदर्शनी में भारत विभाजन के समय की परिस्थितियों, विस्थापन, संघर्ष और आम नागरिकों की पीड़ा को छायाचित्रों के माध्यम से प्रदर्शित किया गया। नागरिकों ने प्रदर्शनी का अवलोकन कर विभाजन से जुड़े ऐतिहासिक प्रसंगों की जानकारी प्राप्त की। कार्यक्रम में कलेक्टर मयंक चतुर्वेदी, जिला पंचायत सीईओ अभिजीत बबन पठारे, नगर निगम आयुक्त बृजेश सिंह क्षत्रिय सहित जनप्रतिनिधि, अधिकारी और बड़ी संख्या में नागरिक मौजूद रहे।






























