*⏩पुराने उज्ज्वला कनेक्शन हुए निष्क्रिय, प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना के अंतर्गत प्रदेश भर में 25 लाख नए एलपीजी कनेक्शन स्वीकृत*

रायगढ़, 12 अक्टूबर। केंद्र सरकार ने एक बार फिर से पीएम उज्ज्वला योजना के तहत नए कनेक्शन देने का आदेश दिया है। छग को 25 लाख कनेक्शन मिल रहे हैं। लेकिन पुराने कनेक्शनों की स्थिति पर भी नजर डालना जरूरी है। जो कनेक्शन पहले दिए गए थे, उसमें ग्रामीण क्षेत्र के करीब 30 प्रतिशत ही एक्टिव हैं।
उज्ज्वला योजना के तहत महिलाओं के नाम पर एलपीजी कनेक्शन दिया जाता है। गैस सिलेंडर, चूल्हा आदि समेत सामग्री देकर महिला के नाम एक गैस कनेक्शन दर्ज कर लिया जाता है। शहरी क्षेत्रों में तो होम डिलीवरी की सुविधा होती है इसलिए रिफिलिंग भी हो जाता है, लेकिन ग्रामीण क्षेत्रों में उज्ज्वला योजना की स्थिति खास अच्छी नहीं है। रायगढ़ जिले में दो चरणों में अब तक कुल 2,37,895 उज्ज्वला कनेक्शन दिए जा चुके हैं। सभी को पहली बार का सिलेंडर मुफ्त दिया गया था।
इसके बाद गैस रिफिलिंग उनको स्वयं करवाना था। ब्लॉक स्तर पर भी डिस्ट्रीब्यूटर स्थापित किए गए ताकि लोगों को आसानी से गैस उपलब्ध हो। इंडियन ऑयल, हिंदुस्तान पेट्रोलियम और भारत पेट्रोलियम की एजेंसियां अलग-अलग क्षेत्रों में स्थापित हैं, लेकिन बांटे गए उज्ज्वला कनेक्शन की स्थिति आज सही नहीं है। ग्रामीण क्षेत्रों में मात्र 30 प्रश कनेक्शन ही एक्टिव हैं। शहरी क्षेत्रों में करीब 70 प्रतिशत कनेक्शन सक्रिय बताए जा रहे हैं। अब 25 लाख नए कनेक्शन प्रदेश को मिल रहे हैं। जिलेवार टारगेट वितरण होने के बाद खाद्य विभाग आवेदन लेना प्रारंभ करेगा।
किस कंपनी के कितने वितरक
गैस सिलेंडर सभी क्षेत्रों में आसानी से मिलें इसके लिए इंडियन ऑयल के 14, एचपीसीएल के 6 और बीपीसीएल के 3 वितरक हैं। ग्रामीण क्षेत्रों में लोगों को होम डिलीवरी की सुविधा नहीं मिल रही है। इसकी वजह कंपनियां खुद हैं जो सुविधाएं नहीं बढ़ा पा रही हैं। पहले बांटे गए कनेक्शन ही एक्टिव नहीं हैं।














































