गौरेला-पेंड्रा-मरवाही। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ सरकार प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के विकसित भारत के संकल्प को साकार करने की दिशा में जनकल्याणकारी योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन कर रही है। प्रधानमंत्री सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना इसी दिशा में प्रदेश के हजारों परिवारों के लिए आर्थिक बचत, ऊर्जा आत्मनिर्भरता और पर्यावरण संरक्षण का प्रभावी माध्यम बनकर उभर रही है।
पेंड्रा के लखन लाल कश्यप बने मिसाल
गौरेला-पेंड्रा-मरवाही जिले के पेंड्रा निवासी लखन लाल कश्यप ने प्रधानमंत्री सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना का लाभ लेकर अपने घर की छत पर 5 किलोवॉट क्षमता का सोलर रूफटॉप संयंत्र स्थापित कराया है। संयंत्र चालू होने के बाद उनका मासिक बिजली बिल पूरी तरह शून्य हो गया है। इससे परिवार की नियमित बचत बढ़ी है और वे स्वच्छ ऊर्जा के उपयोग के माध्यम से पर्यावरण संरक्षण में भी योगदान दे रहे हैं।
सरकारी अनुदान से कम हुई लागत
लखन लाल कश्यप ने बताया कि योजना की जानकारी मिलने के बाद उन्होंने आवेदन किया। निर्धारित प्रक्रिया पूरी होने पर उनके घर में सोलर रूफटॉप संयंत्र लगाया गया। केंद्र और राज्य सरकार से मिले अनुदान के कारण संयंत्र लगाने की लागत काफी कम हो गई, जिससे सौर ऊर्जा अपनाना उनके लिए आसान और किफायती साबित हुआ।
ऊर्जा आत्मनिर्भरता की ओर बढ़ता प्रदेश
प्रधानमंत्री सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना का उद्देश्य आम नागरिकों को बिजली बिल से राहत देने के साथ-साथ अक्षय ऊर्जा के उपयोग को बढ़ावा देना है। योजना के माध्यम से प्रदेश में हजारों परिवार ऊर्जा आत्मनिर्भर बनने के साथ हरित और स्वच्छ भविष्य के निर्माण में अपनी भागीदारी निभा रहे हैं।















































