एनआईटी रायपुर में दो दिवसीय यूथ कॉनक्लेव-कम-नेशनल कॉन्फ्रेंस का समापन, उत्कृष्ट शोधपत्र, परियोजना प्रदर्शनी और हैकाथॉन में बेहतर प्रदर्शन करने वाले प्रतिभागी सम्मानित
रायपुर। विकसित भारत के निर्माण में युवाओं की भूमिका महत्वपूर्ण है। युवाओं की प्रतिभा, ज्ञान, तकनीकी दक्षता और नवाचार देश को नई ऊंचाइयों तक ले जाने की क्षमता रखते हैं। इंजीनियरिंग और तकनीकी शिक्षा प्राप्त कर रहे विद्यार्थियों को अपने ज्ञान और शोध का उपयोग केवल व्यक्तिगत उपलब्धियों तक सीमित न रखकर समाज और राष्ट्रहित में करना चाहिए। यह बात उप मुख्यमंत्री एवं खेल एवं युवा कल्याण मंत्री अरुण साव ने रायपुर स्थित राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान (एनआईटी) में आयोजित दो दिवसीय यूथ कॉनक्लेव-कम-नेशनल कॉन्फ्रेंस के समापन सत्र में कही।
उन्होंने तकनीकी विद्यार्थियों, प्राध्यापकों और वैज्ञानिकों को संबोधित करते हुए युवाओं से आह्वान किया कि वे अपनी योग्यता, क्षमता और नवाचार के माध्यम से देश के विकास में महत्वपूर्ण योगदान दें। उन्होंने कहा कि भारत को अपने युवाओं की प्रतिभा और सामर्थ्य से बड़ी उम्मीदें हैं।
राष्ट्र निर्माण में योगदान दें तकनीकी विद्यार्थी
उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने कहा कि विकसित भारत का सपना आज के युवाओं के लिए है और आने वाले समय में युवा ही इसका नेतृत्व करेंगे। तकनीकी शिक्षा प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों के पास ज्ञान और आधुनिक तकनीक के माध्यम से समाज की समस्याओं के समाधान खोजने का अवसर है।
उन्होंने कहा कि युवाओं को अपने अध्ययन, शोध और नवाचार को जनहित से जोड़ना चाहिए, ताकि उनके प्रयासों से समाज को लाभ मिले और राष्ट्र की प्रगति को गति मिले।
प्रधानमंत्री के नेतृत्व में युवाओं को मिल रहे अवसर
श्री साव ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार विकसित भारत की परिकल्पना को साकार करने की दिशा में कार्य कर रही है। देश में युवाओं को आगे बढ़ने, अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने और विभिन्न क्षेत्रों में नए अवसर हासिल करने के अवसर मिल रहे हैं।
उन्होंने कहा कि युवा अपनी योग्यता, ज्ञान और क्षमता के बल पर न केवल व्यक्तिगत सफलता प्राप्त कर सकते हैं, बल्कि भारत को वैश्विक स्तर पर नई पहचान दिलाने में भी अहम भूमिका निभा सकते हैं।
शोध और नवाचार में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले युवा सम्मानित
राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान, रायपुर और भारतीय राष्ट्रीय अभियांत्रिकी अकादमी (Indian National Academy of Engineering) के संयुक्त आयोजन में दो दिवसीय यूथ कॉनक्लेव-कम-नेशनल कॉन्फ्रेंस आयोजित की गई।
सम्मेलन के दौरान तकनीकी ज्ञान, शोध और नवाचार से जुड़े विभिन्न विषयों पर प्रतिभागियों ने अपनी प्रस्तुतियां दीं। समापन सत्र में उत्कृष्ट शोधपत्र प्रस्तुत करने वाले तथा परियोजना प्रदर्शनी और हैकाथॉन में उल्लेखनीय योगदान देने वाले युवा प्रतिभागियों को सम्मानित किया गया।






























